आज के समय में लोगों की बदलती आदतों की वजह से शरीर में कई तरह की समस्याएं उत्पन्न हो रहे है, जिसमें से अधिकतर शारीरिक और दर्द जैसी समस्याएं हैं।

शरीर में होने वाले दर्द के कई कारण अत्यधिक टीवी कंप्यूटर या लैपटॉप के सामने गलत पोजीशन में बैठे रहना, व्यायाम अथवा खेल के दौरान शरीर में खिंचाव आदि होता है।

जिसके इलाज के लिए अधिकतर लोग फिजियोथेरेपिस्ट (Physiotherapist) के पास जाते है।

यही कारण है कि फिजियोथेरेपिस्ट की मांग दिन प्रतिदिन बहुत अधिक पड़ती जा रही है। 

अगर आप Post graduate physiotherapy diploma course के लिए एडमिशन लेना चाहते हैं तो आपको बैचलर इन फिजियोथेरेपिस्ट कोर्स कि स्नातक की डिग्री न्यूनतम 50 अंकों के साथ प्राप्त करनी होगी।

Physiotherapist बनने के लिए आपको बीपीटी प्रोग्राम के अंतर्गत होने वाले इंटरेस्ट एग्जाम को Qualify करना होगा।

BPT यानी बैचलर इन फिजियोथेरेपिस्ट कोर्स करने के लिए छात्र का 12वीं कक्षा उत्तीर्ण होना अनिवार्य है।

फिजियोथेरेपिस्ट बनने के लिए उम्मीदवार को 12वीं की कक्षा Physics, Chemistry and Biology यानी PCB आदि सब्जेक्ट के साथ अच्छे अंको से पास करना होगा। 

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